इटावा जिले के एक छोटे से गांव जैतपुरा जमुना पार से एक दुखद घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। एक 30 वर्षीय युवक ने अपनी पत्नी के मायके चले जाने के बाद मानसिक तनाव में आकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया और गांव में शोक का माहौल बन गया।
परिजनों के अनुसार, युवक इंद्रजीत का अपनी पत्नी से घरेलू बातों को लेकर विवाद हो गया था। विवाद इतना बढ़ गया कि उसकी पत्नी अपने दोनों बच्चों को लेकर अपने मायके इकदिल चली गई। पत्नी के इस कदम से इंद्रजीत काफी दुखी और परेशान हो गया था। बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ दिनों से मानसिक रूप से अस्थिर चल रहा था और अकेलापन महसूस कर रहा था।
पहले भी कर चुका था आत्महत्या का प्रयास, लेकिन बच गई थी जान
घटना से पहले भी इंद्रजीत ने आत्महत्या करने की कोशिश की थी। उसी दिन शाम को उसने घर में फंदा लगाकर अपनी जान देने का प्रयास किया था। हालांकि, उस समय परिजनों ने उसे समय रहते देख लिया और उसकी जान बच गई थी। परिवार वालों ने उसे समझाने की कोशिश की, लेकिन वह अंदर ही अंदर परेशान रहता था।
बृहस्पतिवार की सुबह जब घर के सभी सदस्य खेतों पर काम करने चले गए, तब इंद्रजीत घर पर अकेला था। इसी दौरान उसने फिर से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। जब परिजन वापस लौटे तो घर का दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए। पूरे परिवार में चीख-पुकार मच गई और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस जांच में जुटी, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच में यह मामला आत्महत्या का ही लग रहा है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पूरी स्थिति साफ हो पाएगी।
थानाध्यक्ष ने बताया कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। अगर कोई अन्य कारण सामने आता है, तो उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस परिजनों से पूछताछ कर रही है और पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है।
यह घटना हमें यह सोचने पर मजबूर करती है कि मानसिक तनाव और पारिवारिक विवाद कितने खतरनाक हो सकते हैं। ऐसे समय में परिवार और समाज का सहयोग बहुत जरूरी होता है, ताकि किसी भी व्यक्ति को ऐसा कठोर कदम उठाने से रोका जा सके।




