उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सोमवार सुबह गांव में उस समय हड़कंप मच गया जब 40 वर्षीय नरसिंह का शव उनके घर की दूसरी मंजिल पर बने कमरे में फंदे से लटका हुआ मिला। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जमा हो गई।

जानकारी के अनुसार, नरसिंह मूल रूप से बदायूं जिले के उसावां थाना क्षेत्र के अस्तरमई गांव के रहने वाले थे। करीब पांच साल पहले उन्होंने अपनी जमीन बेच दी थी, जिसके बाद वह अपनी ससुराल शाहजहांपुर के जलालाबाद क्षेत्र के भुडियाभूड़ गांव में आकर रहने लगे थे। उनके ससुर ने उन्हें रहने के लिए जमीन दी थी, जहां उन्होंने मकान बनाकर रहना शुरू किया था। यह मकान गांव की बस्ती से थोड़ी दूरी पर खेतों के पास स्थित था, जिससे वह अक्सर अकेले ही रहते थे।
परिवार से दूर रहते थे, शराब की लत बनी बड़ी वजह
ग्रामीणों के मुताबिक, नरसिंह की पत्नी रेनू देवी एक आशा वर्कर हैं और वह अपने तीन बच्चों के साथ बदायूं में रहती हैं। बताया जा रहा है कि नरसिंह को शराब पीने की लत थी और वह नशे में अक्सर घर में झगड़ा और मारपीट करते थे। इसी वजह से उनकी पत्नी बच्चों के साथ उनसे अलग रहने लगी थीं और अपने मायके में रहकर नौकरी कर रही थीं।
घटना वाले दिन सुबह गांव के कुछ लोग गेहूं की कटाई के लिए खेतों की ओर जा रहे थे। तभी उनकी नजर नरसिंह के मकान की दूसरी मंजिल पर गई, जहां कमरे के अंदर उनका शव फंदे से लटका हुआ दिखाई दिया। यह दृश्य देखकर लोग घबरा गए और तुरंत अन्य ग्रामीणों को सूचना दी गई। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस और परिजनों को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की।
पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि नरसिंह रविवार शाम को काफी नशे में थे। आशंका जताई जा रही है कि उन्होंने नशे की हालत में यह कदम उठाया होगा, हालांकि पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है।
प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारण का पता चल सकेगा। फिलहाल यह मामला संदिग्ध माना जा रहा है और पुलिस जांच जारी है।
इस घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते नरसिंह की स्थिति पर ध्यान दिया जाता, तो शायद यह हादसा टाला जा सकता था। यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि नशे की लत किस तरह एक इंसान की जिंदगी को बर्बाद कर सकती है।

